मुंबई
देश में प्याज के निर्यात पर बैन लगने के बाद राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी के अध्यक्ष शरद पवार ने मंगलवार को केंद्रीय मंत्री पीयूष गोयल से मुलाकात की। पवार ने पीयूष गोयल से मुलाकात कर प्याज के निर्यात पर बैन लगाने के फैसले पर पुनर्विचार कराने की मांग की। पवार ने कहा कि प्याज के निर्यात  पर अचानक बैन लगने से भारत की भरोसेमंद सप्लायर की छवि को नुकसान होगा और इसका असर अंतरराष्ट्रीय बाजार पर भी पड़ेगा।

मंगलवार को इस बैठक के बाद मंत्री शरद पवार ने अपने ट्वीट में लिखा कि पीयूष गोयल ने उनसे बैन के फैसले पर पुनर्विचार करने की बात कही है। सूत्रों के मुताबिक, शरद पवार ने मंत्री पीयूष गोयल से कहा कि प्याज का निर्यात बैन किए जाने के फैसले से महाराष्ट्र के किसानों के बीच नाराजगी है। उन्होंने मंत्री को बताया कि भारत लंबे वक्त से दुनिया भर के देशों में प्याज की सप्लाई का काम कर रहा है, लेकिन अब प्याज निर्यात पर अचानक बैन लगना देश की छवि को नुकसान पहुंचा सकता है। इसके अलावा इससे दुनिया भर में बनी भारत की भरोसेमंद निर्यातक वाली छवि भी प्रभावित होगी।

देश में प्याज की बढ़ती कीमत के कारण फैसला
बता दें कि देश में प्याज की बढ़ती कीमतों के मद्देनजर सरकार ने इसके निर्यात पर पांबदी लगा दी है। डायरेक्ट्ररेट जनरल ऑफ फॉरेन ट्रेड (DGFT) ने एक नोटिफिकेशन में कहा कि सभी तरह के प्याज के निर्यात पर तुरंत पाबंदी लगा दी गई है। इसमें बैंगलूर रोज और कृष्णापुरम प्याज भी शामिल है। अब तक प्याज की इन किस्मों के निर्यात पर कोई पाबंदी नहीं थी।

प्याज की कीमतों में भारी बढ़ोतरी
अभी से महज एक पखवाड़े पहले रीटेल में 15 से 20 रुपये प्रति किलो बिकने वाला प्याज अभी 45 से 50 रुपये किलो बिक रहा है। आलम यह है कि सड़े हुए प्याज भी 25 रुपये किलो बेचे जा रहे हैं। एशिया की सबसे बड़ी सब्जी मंडी, दिल्ली की आजादपुर मंडी में आज प्याज का होलसेल रेट 26 से 37 रुपये किलो रहा। कारोबारियों का कहना है कि इसकी कीमतों में तेजी के पीछे प्याज की फसल का खराब होना है। दरअसल, कर्नाटक में पिछले दिनों हुई भारी बारिश की वजह से प्याज की खड़ी फसल को भारी नुकसान हुआ है।

 

Source : Agency