प्रदेशबिहार

निकाय चुनाव में पारदर्शिता जरूरी, नामांकन से पूर्व खोलना होगा अलग बैंक खाता

धनबाद.

आगामी निकाय चुनाव में मेयर और पार्षद के पदों पर नामांकन करने वाले उम्मीदवारों को हर हाल में नामिनेशन के एक दिन पहले तक अलग बैंक खाता खुलवाना होगा। नगरपालिका निर्वाचन नियमावली 2026 के तहत प्रत्याशियों को नामिनेशन से एक दिन पहले खाता खोलना अनिवार्य कर दिया गया है।

नियमावली के अनुसार यह खाता संयुक्त नाम से नहीं होने चाहिए। दरअसल, आगामी निकाय चुनाव को पारदर्शी और निष्पक्ष बनाने के लिए राज्य निर्वाचन आयोग ने सख्त निर्देश जारी किया है। इसके तहत अब हर प्रत्याशी को नामांकन दाखिल करने की तिथि से पहले एक अलग बैंक खाता खुलवाना अनिवार्य होगा। इसी खाते के माध्यम से चुनाव से जुड़ा पूरा लेन-देन करना होगा। आयोग का कहना है कि चुनावी खर्च पर निगरानी और हिसाब-किताब को स्पष्ट रखने के लिए यह व्यवस्था लागू की गई है।

प्रत्याशी को प्रचार, वाहन, पोस्टर, बैनर सहित सभी खर्च इसी खाते से करने होंगे। नकद लेन-देन पर विशेष नजर रखी जाएगी।
निर्देशों का पालन नहीं करने वाले उम्मीदवारों पर कार्रवाई भी संभव है। निर्वाचन अधिकारियों को बैंक खाते की जानकारी नामांकन के समय जांचने का अधिकार दिया गया है। इस फैसले से चुनावी खर्च की पारदर्शिता बढ़ेगी और अनियमितताओं पर रोक लगेगी। वहीं, नामिनेशन के दौरान प्रत्याशियों को बैंक खाता नंबर, बैंक का नाम, शाखा का नाम व उस खाता के बैलेंस की राशि का विवरण भी बताना होगा।

व्यय लेखा पंजी में देना होगा खर्च का ब्यौरा
नगरपालिका निर्वाचन नियमावली 2026 के तहत इस बार चुनाव में प्रत्याशियों को व्यय लेखा पंजी भी भरनी होगी। नामांकन के समय उम्मीदवार को अपने चुनावी खर्च का व्यौरा देने वाला प्रपत्र मिल जाएगा। आयोग की ओर से यह प्रपत्र तैयार कर लिया गया है। जानकारी के अनुसार चुनाव के दौरान प्रत्याशी इसी में अपने सभी चुनावी खर्चे भरेंगे। किस किस मद में प्रत्याशी खर्च कर रहे हैं, इसका विवरण व्यय लेखा पंजी में होने से चुनाव में निष्पक्षता आ सकेगी। वहीं, जिस दिन प्रत्याशी कुछ भी खर्च नहीं करेगा, उस दिन भी कालम में निल यानी रिक्त भरना होगा।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button