
पटना.
बिहार विधानसभा के बजट सत्र के दूसरे दिन नीट छात्रा की मौत के मामले को लेकर विपक्ष ने सरकार के खिलाफ जोरदार प्रदर्शन किया। विधानसभा पोर्टिको में राजद, कांग्रेस और वाम दलों के सदस्यों ने पोस्टर लहराते हुए नारेबाजी की और सरकार से इस गंभीर मामले पर चुप्पी तोड़ने की मांग की।
विपक्षी सदस्यों ने कहा कि नीट छात्रा की मौत ने राज्य की कानून-व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। करीब 25 विधायकों ने एकजुट होकर सरकार पर अपराध नियंत्रण में विफल रहने का आरोप लगाया।
जांच में लापरवाही का आरोप
प्रदर्शन कर रहे नेताओं का कहना था कि सरकार मामले को शुरू से हल्के में लेती रही और जांच प्रक्रिया में लगातार लापरवाही बरती गई।
नीट छात्रा की मौत के बाद सरकार ने पहले विशेष जांच टीम (एसआईटी) का गठन किया था, लेकिन बाद में मामले की गंभीरता को देखते हुए सीबीआई जांच की अनुशंसा कर दी गई।
आरोपियों को बचाने का आरोप
हालांकि, विपक्ष का आरोप है कि जांच एजेंसियों के गठन के बावजूद अब तक सच्चाई सामने नहीं आई है और दोषियों को बचाने की कोशिश की जा रही है। विपक्ष ने मांग की कि मामले की निष्पक्ष और त्वरित जांच सुनिश्चित की जाए तथा जिम्मेदार लोगों पर सख्त कार्रवाई हो, ताकि पीड़ित परिवार को न्याय मिल सके।




