
पटना.
स्वास्थ्य विभाग मुख्यालय में कार्यरत अधिकारियों और कर्मचारियों को बेहतर चिकित्सीय सुविधा उपलब्ध कराने की तैयारी शुरू कर दी गई है। इसके तहत मुख्यालय में दो प्रशिक्षित ग्रेड-ए नर्सों की तैनाती की जाएगी। इस संबंध में विभाग की ओर से आवश्यक दिशा-निर्देश जारी कर दिए गए हैं।
स्वास्थ्य विभाग के उप सचिव विनोद कुमार पाठक ने इस संबंध में असैनिक शल्य चिकित्सक-सह-मुख्य चिकित्सा पदाधिकारी, पटना को पत्र भेजा है। पत्र में मुख्यालय में चिकित्सा सुविधा सुनिश्चित करने के लिए आवश्यक कदम उठाने को कहा गया है। साथ ही इस व्यवस्था को शीघ्र लागू करने का अनुरोध भी किया गया है।
कार्यालय अवधि में रहेंगी तैनात नर्सें
पत्र के अनुसार स्वास्थ्य विभाग मुख्यालय में दो प्रशिक्षित ग्रेड-ए नर्सों की प्रतिनियुक्ति की जाएगी। ये नर्सें कार्यालय अवधि के दौरान वहां मौजूद रहेंगी। उनका मुख्य कार्य अधिकारियों और कर्मचारियों की दैनिक और आकस्मिक स्वास्थ्य जांच करना होगा।
आपात स्थिति में मिलेगी तुरंत मदद
स्वास्थ्य विभाग का उद्देश्य यह है कि किसी भी कर्मचारी या अधिकारी की तबीयत अचानक बिगड़ने पर तुरंत प्राथमिक चिकित्सा उपलब्ध हो सके। इसके लिए मुख्यालय परिसर में ही स्वास्थ्य सहायता की व्यवस्था की जा रही है। इससे आपात स्थिति में इलाज में देरी की संभावना कम हो जाएगी।
सचिवालय के पास तैयार रहेगी एंबुलेंस
इसके अलावा आपातकालीन स्थिति को ध्यान में रखते हुए सचिवालय के आसपास एक एंबुलेंस भी तैयार रखने का निर्देश दिया गया है। जरूरत पड़ने पर एंबुलेंस के माध्यम से मरीज को तुरंत अस्पताल पहुंचाया जा सकेगा। इस व्यवस्था से कर्मचारियों को त्वरित चिकित्सा सुविधा मिल सकेगी।
शीर्ष प्राथमिकता पर लागू होगी व्यवस्था
पत्र में इस पूरी व्यवस्था को शीर्ष प्राथमिकता के आधार पर लागू करने का अनुरोध किया गया है। विभाग का मानना है कि इससे मुख्यालय में कार्यरत कर्मियों को स्वास्थ्य सुरक्षा मिलेगी। साथ ही जरूरत पड़ने पर मुख्यालय में ही तत्काल चिकित्सा सहायता उपलब्ध कराई जा सकेगी।




