अमेरिका-ईरान युद्धविराम संकेतों से शेयर बाजार में रौनक, सेंसेक्स 352 अंक उछला

मुंबई
पश्चिम एशिया से आ रही सकारात्मक खबरों और अमेरिका-ईरान के बीच संभावित युद्धविराम विस्तार के चलते आज भारतीय शेयर बाजार में तेजी का माहौल देखा जा रहा है. घरेलू संस्थागत निवेशकों और वैश्विक संकेतों के दम पर शुक्रवार को शुरुआती कारोबार में दोनों प्रमुख सूचकांक, सेंसेक्स और निफ्टी, बढ़त के साथ हरे निशान पर कारोबार कर रहे हैं।
सुबह के सत्र में बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज (BSE) का सूचकांक सेंसेक्स 352 अंक यानी 0.46 प्रतिशत की बढ़त के साथ 76,220 के इंट्राडे हाई (उच्चतम स्तर) पर पहुंच गया. वहीं, नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (NSE) का निफ्टी भी करीब 100 अंक यानी 0.40 प्रतिशत की मजबूती दिखाते हुए 24,002 के मनोवैज्ञानिक स्तर को पार कर गया. बाजार विशेषज्ञों का मानना है कि यदि वैश्विक मोर्चे पर तनाव कम होता है, तो बाजार को और अधिक मजबूती मिल सकती है।
आईटी और फार्मा सेक्टर में जोरदार खरीदारी
आज के कारोबार में सबसे ज्यादा तेजी सूचना प्रौद्योगिकी (IT) क्षेत्र में देखी जा रही है. निफ्टी आईटी इंडेक्स 2 प्रतिशत से अधिक की बढ़त के साथ कारोबार कर रहा है. इसके अलावा टेलीकॉम, हेल्थकेयर, फार्मा (दवा), और पीएसयू (सरकारी) बैंकिंग शेयरों में भी निवेशकों ने अच्छी रुचि दिखाई है. रियल्टी, मीडिया और मेटल (धातु) से जुड़े इंडेक्स भी बढ़त के साथ कारोबार करते दिखे।
दूसरी ओर, प्रॉफिट बुकिंग और बिकवाली के दबाव के कारण केमिकल्स, कंज्यूमर ड्यूरेबल्स और फाइनेंशियल सर्विसेज से जुड़े इंडेक्स में गिरावट दर्ज की गई. वहीं, एफएमसीजी (FMCG) सेक्टर के शेयर लगभग सपाट स्तर पर कारोबार कर रहे हैं।
शीर्ष पर रहने वाले और घाटे वाले शेयर
निफ्टी के शीर्ष घाटे वाले शेयरों में प्रमुख रूप से भारती एयरटेल, ओएनजीसी (ONGC), आयशर मोटर्स, बीईएल (BEL) और एचडीएफसी बैंक (HDFC Bank) शामिल रहे, जिनमें शुरुआती दौर में मुनाफावसूली देखी गई।
कच्चे तेल में गिरावट से भारतीय अर्थव्यवस्था को राहत
बाजार के जानकारों का कहना है कि वैश्विक बाजार में कच्चे तेल की कीमतों में आई कमी भारतीय अर्थव्यवस्था और रुपये के लिए सबसे बड़ी राहत है. अंतरराष्ट्रीय बेंचमार्क ब्रेंट क्रूड 1.24 प्रतिशत गिरकर $91.55 प्रति बैरल पर आ गया, जबकि अमेरिकी वेस्ट टेक्सास इंटरमीडिएट (WTI) क्रूड लगभग 2 प्रतिशत की गिरावट के साथ $87.37 प्रति बैरल पर ट्रेड कर रहा है. कच्चा तेल सस्ता होने से देश का आयात बिल कम होगा और राजकोषीय घाटे पर नियंत्रण रखने में मदद मिलेगी।
वैश्विक बाजारों का हाल
एशियाई बाजारों में आज चौतरफा तेजी का माहौल रहा. जापान का निक्केई (Nikkei) 2 प्रतिशत से अधिक उछला, जबकि हांगकांग का हैंगसेंग और दक्षिण कोरिया का कोस्पी (KOSPI) 3 प्रतिशत तक की भारी बढ़त के साथ कारोबार कर रहे थे. इससे पहले अमेरिकी बाजार (वॉल स्ट्रीट) भी बढ़त के साथ बंद हुए थे, जहां एसएंडपी 500 में 0.58 प्रतिशत और नैस्डैक में लगभग 1 प्रतिशत की तेजी आई थी।




